
आज आम आदमी पार्टी के बस्तर लोकसभा अध्यक्ष नरेन्द्र नाग ने प्रेस विज्ञप्ति जारी कर कहा कि नारायणपुर जिले के विकासखंड ओरछा स्थित बालक आश्रम बेडमा में बच्चों के साथ हो रही गंभीर लापरवाही अब कानूनी अपराध का रूप ले चुकी है। आश्रम में रह रहे नाबालिग बच्चों को स्वयं खाना बनाकर खाने के लिए मजबूर किया जा रहा है, जबकि आश्रम संचालन के लिए नियुक्त अधीक्षक एवं कर्मचारी लंबे समय से अनुपस्थित हैं।यह कृत्य किशोर न्याय (बालकों की देखरेख एवं संरक्षण) अधिनियम, 2015 की

धारा 75 (बालक के साथ क्रूरता)
धारा 76 (बालक की उपेक्षा)
भारत के संविधान के अनुच्छेद 21 (जीवन व गरिमा का अधिकार)
छत्तीसगढ़ आश्रम/छात्रावास संचालन नियमावली
का सीधा उल्लंघन है।
साथ ही यह कृत्य भारतीय दंड संहिता की धारा 166A (लोक सेवक द्वारा कर्तव्य में जानबूझकर लापरवाही) के अंतर्गत दंडनीय अपराध है।
नाबालिग बच्चों से इस प्रकार का कार्य कराना उनके जीवन व सुरक्षा के लिए गंभीर खतरा है। जिला प्रशासन की चुप्पी इस लापरवाही को संरक्षण देने जैसा प्रतीत होती है।

आम आदमी पार्टी मांग करती है कि
दोषी अधीक्षक एवं कर्मचारियों पर तत्काल निलंबन व आपराधिक प्रकरण दर्ज किया जाए।
मामले की उच्चस्तरीय जांच कर दोषियों को कठोर दंड दिया जाए।
बच्चों के लिए तत्काल रसोइया, नियमित भोजन व देखरेख सुनिश्चित की जाए।
यदि शीघ्र कार्रवाई नहीं हुई तो आम आदमी पार्टी इस विषय को SC आयोग, बाल संरक्षण आयोग एवं न्यायालय तक ले जाएगी और जन आंदोलन करेगी।
नरेन्द्र नाग
अध्यक्ष, बस्तर लोकसभा, आम आदमी पार्टी, छत्तीसगढ़





